देश के प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग कॉलेज आई ई टी लखनऊ से बी टेक् और फिर उत्तर प्रदेश शासन से रिटायर्ड (वीआर एस) दिनेश कुमार सिंह ,लखनऊ से प्रकाशित ‘डे टू डे दैनिक’ के उपसंपादक हैं ।समाज के उपेक्षित वर्गों को यथा सम्भव सहायता भी देते हैं । हर आदमी का मिज़ाज समय और परिस्थितयों के अनुसार […]Read More
तेज प्रताप नारायण जीवन के संध्या काल मेंजब नातिन -नातियों के नाना नानीपोते -पोतियों के दादा दादीसुकून के दो पल ढूढ़ते हैंदो समय की रोटी औरसर छुपाने के लिए छोटा सा घर ढूँढ़ते हैं तो उन्हें मिलता हैलड़ाई झगड़े का कोलाहलआपसी रिश्तों की हल चलउनके बेटे -बेटियां बड़े हो जाते हैंस्वार्थ और लालच की कालीन […]Read More
Shailja Chaudhery, 26 years old living in Lucknow, also known as pad girl ,converting PERIODS Myths into an Informative way in a Better Reproductive Health and distributing free sanitary napkins to 720 women and girls of urban slums of Lucknow and rural areas like Unnao ,Rae Bareli, Barabanki villages through her Campaign.Stop Stigma End Period […]Read More
सईदा सायरा रिज़वी,उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग के लखनऊ पुलिस लाइन्स स्थित “पुलिस मॉडर्न स्कूल”की Founder Principal, पठन पाठन लेखन एवं शायरी में रुचि। समाज मे वंचित वर्ग के कष्टों के प्रति जागरूक ।सेवा को समर्पित रोटरी क्लब की सदस्य ।इसके अतिरिक्त Human Right Comission Crime Against Women की प्रदेश अध्यक्षकिसान मंच वीमेन सेल की उपाध्यक्षउदीयमान […]Read More
दिनेश कुमार सिंह एक पुरानी कहावत है हाकिम की अगाड़ी और घोड़े की पिछाड़ी,मतलब अफसर के सामने से और घोड़े के पिछवाड़े से जहाँ तक हो बचना चाहिए।बात 1994 की है हमारे विभाग के सबसे आला अधिकारी की बिटिया की शादी थी तो जैसा कि अमूमन सभी सरकारी विभागों में मख्खनबाज़ी प्रथा का चलन होता […]Read More
छत्रपति शाहू जी उन दुर्लभ शासकों में थे जिन्होंने अपनी प्रजा को परिवार की तरह समझा और उनके दुःख दर्द को मिटाने का भरसक प्रयास किया । राजा होकर भी समानता के प्रति ऐसा समपर्ण और कार्य विश्व मे शायद कहीं मिले । सच पूछिए तो देश को शाहू राज्य चाहिए ।ऐसा राज्य जो इंसान […]Read More
डॉ. देवेंद्र सिंह , माटी फाउंडेशन संत कबीर नगर, उत्तर प्रदेश कृषि का ग्रामीण जीवन में प्रमुख स्थान है। हमें भोजन से स्वस्थ रहने के लिये ऊर्जा तथा पोषक तत्वों की प्राप्ति होती है। खाद्द्य पदार्थों में प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, वसा, विटामिन और खनिज सहित पर्याप्त पोषक तत्वों की कमीं से हम कुपोषण के शिकार हो […]Read More
ये संस्मरण ,यू पी के पूर्व मंत्री चेतराम गंगवार के बारे में है जो उनकी बेटी विमलेश गंगवार ‘ दिपि ‘ द्वारा लिखा गया है जो एक सुप्रसिद्धि लेखिका हैं । दिन और महीने बीत गये इन्तजार करते करते थक गये पर इस्तीफा ज्यों का त्यों पड़ा रहा किसी ने हाथ ही नहीं लगाया ।मतलब […]Read More
17 अप्रैल ,1986 को मल्लावां, हरदोई (उ.प्र.) में जन्मी कवयित्री आरती चिराग़ की प्रारंभिक शिक्षा हरदोई में ही हुई ।हिंदी साहित्य और समाज शास्त्र से MA हैं , बी एड और लॉ भी कर चुकी हैं । लेखन का प्रारम्भ कविताओं से। कुछ कविताएं विभिन्न साहित्यिक पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं ।छात्र राजनीति में भी […]Read More
सम्प्रति : कारवार, के कॉलेज में अध्यापनप्रकाशन : कुछ पत्र पत्रिकाओं में कवितायेँ और लेख प्रकाशित। एक संग्रह “कावेरी एवं अन्य कवितायेँ” प्रकाशित। 【वेश्याएं】 वेश्याओं का जन्म!माँ के गर्भ से नहीं होता हैवो तो खाली तश्तरी से उठकरस्वार्थ की घने अन्धकार मेंहवस की दीवार परबिना जड़ की बेल सी पनपती है उसका मनहमेशा देहलीज़ पर […]Read More